Fiction » Literature » Literary criticism » Short Stories

Vikramorvasiyam (Hindi)
Price: $0.99 USD. Words: 5,720. Language: Hindi. Published: November 23, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
एक बार देवलोक की परम सुंदरी अप्सरा उर्वशी अपनी सखियों के साथ कुबेर के भवन से लौट रही थी। मार्ग में केशी दैत्य ने उन्हें देख लिया और तब उसे उसकी सखी चित्रलेखा सहित वह बीच रास्ते से ही पकड़ कर ले गया। यह देखकर दूसरी अप्सराएँ सहायता के लिए पुकारने लगीं, "आर्यों! जो कोई भी देवताओं का मित्र हो और आकाश में आ-जा सके, वह आकर हमारी रक्षा करें।" उसी समय प्रतिष्ठान देश के राजा पुरुरवा भगवान सूर्य की उपासना
Durgadas (Hindi)
Price: $1.99 USD. Words: 23,320. Language: Hindi. Published: October 23, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
जोधपुर के महाराज जसवन्तसिंह की सेना में आशकरण नाम के एक राजपूत सेनापति थे, बड़े सच्चे, वीर, शीलवान् और परमार्थी। उनकी बहादुरी की इतनी धाक थी, कि दुश्मन उनके नाम से कांपते थे। दोनों दयावान् ऐसे थे कि मारवाड़ में कोई अनाथ न था।, जो उनके दरबार से निराश लौटे। जसवन्तसिंह भी उनका :बड़ा आदर-सत्कार करते थे। वीर दुर्गादास उन्हीं के लड़के थे। छोटे का नाम जसकरण था।
Vardan
Price: $2.99 USD. Words: 46,840. Language: Hindi. Published: October 23, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary criticism, Fiction » Literature » Literary
विन्घ्याचल पर्वत मध्यरात्रि के निविड़ अन्धकार में काल देव की भांति खड़ा था। उस पर उगे हुए छोटे-छोटे वृक्ष इस प्रकार दष्टिगोचर होते थे, मानो ये उसकी जटाएं है और अष्टभुजा देवी का मन्दिर जिसके कलश पर श्वेत पताकाएं वायु की मन्द-मन्द तरंगों में लहरा रही थीं, उस देव का मस्तक है मंदिर में एक झिलमिलाता हुआ दीपक था, जिसे देखकर किसी धुंधले तारे का मान हो जाता था।
S14 Svizzera Schweiz Suisse Svizra
Price: $6.00 USD. Words: 23,870. Language: Italian. Published: September 29, 2014 by Gabriele Capelli Editore. Categories: Fiction » Literature » Literary criticism
By Flurina Badel, Matthieu Mégevand, Marina Bolzli, Flavio Stroppini (Rumantsch, Français, Deutsch, Italiano) Uno per area linguistica appesi alla parete nord dell’Eiger. Aus jeder Sprachregion ein Mann, festgemacht an der Eigernordwand. Une personne par aire linguistique, accrochés à la paroi nord de l’Eiger. Per mincha regiun linguistica es pichà ün vi da la paraid nord dal Eiger.
Mansarovar - Part 5-8 (Hindi)
Price: $6.99 USD. Words: 383,540. Language: Hindi. Published: September 28, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
मानसरोवर - भाग 5 मंदिर | निमंत्रण | रामलीला | कामना तरु | हिंसा परम धर्म | बहिष्कार | चोरी | लांछन | सती | कजाकी | आसुँओं की होली | अग्नि-समाधि | सुजान भगत | पिसनहारी का कुआँ | सोहाग का शव | आत्म-संगीत | एक्ट्रेस | ईश्वरीय न्याय | ममता | मंत्र | प्रायश्चित | कप्तान साहब | इस्तीफा | मानसरोवर - भाग 6 यह मेरी मातृभूमि है | राजा हरदौल | त्यागी का प्रेम | रानी सारन्धा | शाप | मर्यादा की वेदी | मृत्यु
Mansarovar - Part 8 (Hindi)
Price: $2.99 USD. Words: 97,020. Language: Hindi. Published: September 28, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
मानसरोवर - भाग 8 खून सफेद गरीब की हाय बेटी का धन धर्मसंकट सेवा-मार्ग शिकारी राजकुमार बलिदान बोध सच्चाई का उपहार ज्वालामुखी पशु से मनुष्य मूठ ब्रह्म का स्वांग विमाता बूढ़ी काकी हार की जीत दफ्तरी विध्वंस स्वत्व-रक्षा पूर्व-संस्कार दुस्साहस बौड़म गुप्तधन आदर्श विरोध विषम समस्या अनिष्ट शंका सौत सज्जनता का दंड नमक का दारोगा उपदेश परीक्षा
Mansarovar - Part 7 (Hindi)
Price: $2.99 USD. Words: 93,400. Language: English. Published: September 26, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
मानसरोवर - भाग 7 जेल पत्नी से पति शराब की दुकान जुलूस मैकू समर-यात्रा शान्ति बैंक का दिवाला आत्माराम दुर्गा का मन्दिर बड़े घर की बेटी पंच-परमेश्वर शंखनाद जिहाद फातिहा वैर का अंत दो भाई महातीर्थ विस्मृति प्रारब्ध सुहाग की साड़ी लोकमत का सम्मान नाग-पूजा ---------------------------------- मृदुला मैजिस्ट्रेट के इजलास से ज़नाने जेल में वापस आयी, तो उसका मुख प्रसन्न था। बरी हो जाने की गुलाबी आशा उसके कपोल
Mansarovar - Part 6 (Hindi)
Price: $2.99 USD. Words: 91,830. Language: Hindi. Published: September 25, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
मानसरोवर - भाग 6 यह मेरी मातृभूमि है राजा हरदौल त्यागी का प्रेम रानी सारन्धा शाप मर्यादा की वेदी मृत्यु के पीछे पाप का अग्निकुंड आभूषण जुगनू की चमक गृह-दाह धोखा लाग-डाट अमावस्या की रात्रि चकमा पछतावा आप-बीती राज्य-भक्त अधिकार-चिन्ता दुराशा (प्रहसन) -------------------------- आज पूरे 60 वर्ष के बाद मुझे मातृभूमि-प्यारी मातृभूमि के दर्शन प्राप्त हुए हैं। जिस समय मैं अपने प्यारे देश से विदा हुआ था
Mansarovar - Part 1-4 (Hindi)
Price: $6.99 USD. Words: 405,740. Language: Hindi. Published: September 23, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
मानसरोवर - भाग 1 अलग्योझा | ईदगाह | माँ | बेटोंवाली विधवा | बड़े भाई साहब | शांति | नशा | स्‍वामिनी | ठाकुर का कुआँ | घर जमाई | पूस की रात | झाँकी | गुल्‍ली-डंडा | ज्योति | दिल की रानी | धिक्‍कार | कायर | शिकार | सुभागी | अनुभव | लांछन | आखिरी हीला | तावान | घासवाली | गिला | रसिक संपादक | मनोवृत्ति
Mansarovar - Part 5 (Hindi)
Price: $2.99 USD. Words: 102,510. Language: Hindi. Published: September 22, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary criticism, Fiction » Literature » Literary
मानसरोवर - भाग 5 मंदिर निमंत्रण रामलीला कामना तरु हिंसा परम धर्म बहिष्कार चोरी लांछन सती कजाकी आसुँओं की होली अग्नि-समाधि सुजान भगत पिसनहारी का कुआँ सोहाग का शव आत्म-संगीत एक्ट्रेस ईश्वरीय न्याय ममता मंत्र प्रायश्चित कप्तान साहब इस्तीफा --------------------------- मातृ-प्रेम, तुझे धान्य है ! संसार में और जो कुछ है, मिथ्या है, निस्सार है। मातृ-प्रेम ही सत्य है, अक्षय है, अनश्वर है। ...
Mansarovar - Part 4 (Hindi)
Price: $2.99 USD. Words: 93,630. Language: Hindi. Published: September 14, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
मानसरोवर - भाग 4 प्रेरणा सद्गति तगादा दो कब्रें ढपोरसंख डिमॉन्सट्रेशन दारोगाजी अभिलाषा खुचड़ आगा-पीछा प्रेम का उदय सती मृतक-भोज भूत सवा सेर गेहूँ सभ्यता का रहस्य समस्या दो सखियाँ स्मृति का पुजारी ------------------------ मेरी कक्षा में सूर्यप्रकाश से ज्यादा ऊधामी कोई लड़का न था, बल्कि यों कहो कि अध्यापन-काल के दस वर्षों में मुझे ऐसी विषम प्रकृति के शिष्य से साबका न पड़ा था।
Mansarovar - Part 3 (Hindi)
Price: $2.99 USD. Words: 105,130. Language: Hindi. Published: September 13, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
मानसरोवर - भाग 3 विश्‍वास नरक का मार्ग स्त्री और पुरुष उध्दार निर्वासन नैराश्य लीला कौशल स्वर्ग की देवी आधार एक आँच की कसर माता का हृदय परीक्षा तेंतर नैराश्य दण्ड धिक्‍कार लैला मुक्तिधन दीक्षा क्षमा मनुष्य का परम धर्म गुरु-मंत्र सौभाग्य के कोड़े विचित्र होली मुक्ति-मार्ग डिक्री के रुपये शतरंज के खिलाड़ी वज्रपात सत्याग्रह भाड़े का टट्टू बाबाजी का भोग विनोद
Mansarovar - Part 2 (Hindi)
Price: $2.99 USD. Words: 102,480. Language: Hindi. Published: September 11, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary criticism, Fiction » Literary collections » Asian / General
मानसरोवर - भाग 2 कुसुम खुदाई फौजदार वेश्या चमत्कार मोटर के छींटे कैदी मिस पद्मा विद्रोही कुत्सा दो बैलों की कथा रियासत का दीवान मुफ्त का यश बासी भात में खुदा का साझा दूध का दाम बालक जीवन का शाप डामुल का कैदी नेउर गृह-नीति कानूनी कुमार लॉटरी जादू नया विवाह शूद्र --------- साल-भर की बात है, एक दिन शाम को हवा खाने जा रहा था कि महाशय नवीन से मुलाक़ात हो गयी। मेरे पुराने दोस्त हैं, बड़े बेतकल्लुफ़ और मन
Mansarovar - Part 1 (Hindi)
Price: $2.99 USD. Words: 105,710. Language: Hindi. Published: September 6, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
मानसरोवर - भाग 1 अलग्योझा ईदगाह माँ बेटोंवाली विधवा बड़े भाई साहब शांति नशा स्‍वामिनी ठाकुर का कुआँ घर जमाई पूस की रात झाँकी गुल्‍ली-डंडा ज्योति दिल की रानी धिक्‍कार कायर शिकार सुभागी अनुभव लांछन आखिरी हीला तावान घासवाली गिला रसिक संपादक मनोवृत्ति
Glass Eyes: A Short Story about a Family's Struggle
Price: Free! Words: 4,600. Language: English. Published: July 21, 2014. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
Five-year-old Kate struggles to understand what is happening to her world as she witnesses her father's deepening depression. In the midst of her family’s turmoil, Kate finds solace in her grandfather’s upstairs apartment, though she is troubled by the stuffed fox in his bedroom. As Kate tries to adapt to the changes in her life, the fox becomes a symbol of what she fears.
Ramcharcha (Hindi)
Price: $3.99 USD. Words: 44,030. Language: Hindi. Published: July 10, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary criticism, Fiction » Literature » Religious
प्यारे बच्चो! तुमने विजयदशमी का मेला तो देखा ही होगा। कहींकहीं इसे रामलीला का मेला भी कहते हैं। इस मेले में तुमने मिट्टी या पीतल के बन्दरों और भालुओं के से चेहरे लगाये आदमी देखे होंगे। राम, लक्ष्मण और सीता को सिंहासन पर बैठे देखा होगा और इनके सिंहासन के सामने कुछ फासले पर कागज और बांसों का बड़ा पुतला देखा होगा। इस पुतले के दस सिर और बीस हाथ देखे होंगे। वह रावण का पुतला है।
Two Sister (Hindi)
Price: $0.99 USD. Words: 5,650. Language: Hindi. Published: July 3, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
दोनों बहनें दो साल के बाद एक तीसरे नातेदार के घर मिलीं और खूब रो-धोकर खुश हुईं तो बड़ी बहन रूपकुमारी ने देखा कि छोटी बहन रामदुलारी सिर से पाँव तक गहनों से लदी हुई है, कुछ उसका रंग खुल गया है, स्वभाव में कुछ गरिमा आ गयी है और बातचीत करने में ज्यादा चतुर हो गयी है। कीमती बनारसी साड़ी और बेलदार उन्नावी मखमल के जम्पर ने उसके रूप को और भी चमका दिया-वही रामदुलारी, लडक़पन में सिर के बाल खोले,
Srishti (Hindi)
Price: $0.99 USD. Words: 6,140. Language: Hindi. Published: July 3, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary criticism, Fiction » Literature » Literary
(अदन की वाटिका, तीसरे पहर का समय। एक बड़ा सांप अपना सिर फूलों की एक क्यारी में छिपाये हुए और अपने शरीर को एक वृक्ष की शाखाओं में लपेटे हुए पड़ा है। वृक्ष भलीभांति च़ चुका है, क्योंकि सृष्टि के दिन हमारे अनुमान से कहीं अधिक बड़े थे। सर्प उस व्यक्ति को नहीं दिखाई दे सकता जिसको उसकी विद्यमानता का ज्ञान नहीं है, क्योंकि उसके हरे और भूरे रंग के मेल से धोखा होता है।
Rahsya (Hindi)
Price: $0.99 USD. Words: 5,480. Language: Hindi. Published: July 3, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
विमल प्रकाश ने सेवाश्रम के द्वार पर पहुँचकर जेब से रूमाल निकाला और बालों पर पड़ी हुई गर्द साफ की, फिर उसी रूमाल से जूतों की गर्द झाड़ी और अन्दर दाखिल हुआ। सुबह को वह रोज टहलने जाता है और लौटती बार सेवाश्रम की देख-भाल भी कर लेता है। वह इस आश्रम का बानी भी है, और संचालक भी। सेवाश्रम का काम शुरू हो गया था। अध्यापिकाएँ लड़कियों को पढ़ा रही थीं, माली फूलों की क्यारियों में पानी दे रहा था
Namak ka Droga (Hindi)
Price: $0.99 USD. Words: 3,290. Language: Hindi. Published: July 3, 2014 by Sai ePublications. Categories: Fiction » Literature » Literary, Fiction » Literature » Literary criticism
जब नमक का नया विभाग बना और ईश्वरप्रदत्त वस्तु के व्यवहार करने का निषेध हो गया तो लोग चोरी-छिपे इसका व्यापार करने लगे। अनेक प्रकार के छल-प्रपंचों का सूत्रपात हुआ, कोई घूस से काम निकालता था, कोई चालाकी से। अधिकारियों के पौ-बारह थे। पटवारीगिरी का सर्वसम्मानित पद छोड-छोडकर लोग इस विभाग की बरकंदाजी करते थे। इसके दारोगा पद के लिए तो वकीलों का भी जी ललचाता था।